Homegulf4 August: अरब देशों की 10 बड़ी खबरें विस्तार से !

4 August: अरब देशों की 10 बड़ी खबरें विस्तार से !

  • 1. अरब अमीरात में VPN का इस्तेमाल करके पोर्न वीडियो देखना हुआ बैन ! इतने मिलियन जुर्माने लगाने का बना कानून

वर्चुअल प्राइवेट नेटवर्क (VPN) का उपयोग यूएई और खाड़ी क्षेत्र में डेटिंग, जुआ और वयस्क वेबसाइटों जैसी प्रतिबंधित सामग्री तक पहुंचने और ऑडियो-वीडियो कॉलिंग ऐप डाउनलोड करने के लिए बहुत आगे तक बढ़ चुका है. रिपोर्ट के मुताबिक इस साल की पहली तिमाही में खाड़ी क्षेत्रों में VPN की मांग में लगभग 30 प्रतिशत की वृद्धि हुई है।

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जबकि यूएई में वीपीएन की मांग में 36 प्रतिशत की वृद्धि हुई है, इससे ये पता चलता है कि अधिक से अधिक इंटरनेट उपयोगकर्ता प्रतिबंधित सामग्री को देखने का गैर क़ानूनी कोशिश कर रहे हैं. खाड़ी अरब देशों के निवासियों में व्हाट्सएप, स्काइप, फेसटाइम, डिस्कॉर्ड, आईएमओ के साथ-साथ डेटिंग ऐप जैसे लोकप्रिय ऐप के माध्यम से ऑडियो-वीडियो कॉल करने के लिए VPN का उपयोग आम है।

बैन हुई चीज़ों को भी देखा जा रहा

नॉर्ड सिक्योरिटी ने कहा कि सामग्री के संदर्भ में, VPN का उपयोग प्रतिबंधित सामग्री जैसे डेटिंग, जुआ, पोर्नोग्राफी, ड्रग्स और वीओआईपी वेबसाइटों तक पहुंचने के लिए भी किया जाता है.

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क्या यूएई में VPN का उपयोग करना अवैध है?

आशीष मेहता एंड एसोसिएट्स के मैनेजिंग पार्टनर आशीष मेहता का कहना है कि यदि इसका उपयोग यूएई सरकार और दूरसंचार और डिजिटल सरकार नियामक प्राधिकरण (टीडीआरए) के दिशानिर्देशों के अनुसार किया जाता है. हालांकि, अफवाहों और साइबर अपराधों से निपटने के संबंध में 2021 के यूएई डिक्री कानून संख्या (34) के तहत अवैध साधनों के लिए वीपीएन का उपयोग करना एक गंभीर अपराध है. साथ ही, यूएई सरकार द्वारा अवरुद्ध वेबसाइटों/कॉलिंग एप्लिकेशन/गेमिंग एप्लिकेशन तक पहुंचने के लिए आईपी पते को छुपाकर वीपीएन का उपयोग करना अवैध है। वीपीएन का दुरुपयोग करने वाले लोगों को कारावास और Dh500,000 से Dh2 मिलियन के बीच जुर्माना लग सकता है।

2. क्या घरेलु कर्मचारियों के Residency Visa में Married Status बदला जा सकता है !

जवाज़ात से एक शख्स ने पूछा कि इकामा कार्ड यानी रेजीडेंसी वीज़ा में शादी का स्टेटस कैसे बदलें?’

जवाज़ात ने कहा कि मजदूरों के सभी इकामा मुद्दों को अमल में लाना उनके प्रायोजक की जिम्मेदारी है. श्रमिकों के रेजीडेंसी वीज़ा में unmarried से married परिवर्तन करने के लिए कार्यकर्ता के प्रायोजक से पहले अनुमति लेनी होगी फिर दिए गए नियत समय पर परमिट के संबंधित कार्यालय में पहुंचना होगा जहां परिवर्तन हो सकता है।

3. UAE बना साढ़े चार Working Day वाला पहला देश ! शुक्रवार दोपहर से लेकर रविवार तक छुट्टी, कामगारों का बोझ कम

संयुक्त अरब अमीरात में जब से वर्किंग डे में बदलाव हुआ है तब से कर्मचारियों पर काम का बोझ भी कम हुआ है. उन्हें अब हफ्ते में सिर्फ साढ़े चार दिन ही काम करना होता है और बाकी बचे ढाई दिन छुट्टी होते हैं. बता दे कि ये नियम इस साल जनवरी महीने की पहली तारीख को हो गयी थी. जिसने वर्क-लाइफ बैलेंस कर दिया है.

नए शेड्यूल के मुताबिक सोमवार से गुरुवार तक लोग सुबह साढ़े सात बजे से दोपहर साढ़े तीन बजे तक काम करते हैं और जब शुक्रवार आता है तो उस दिन हाफ टाइम से रविवार तक छुट्टियां हो जाती हैं. UAE हुकूमत ने ये फैसला लोगों की कार्यक्षमता बढ़ाने और वर्क-लाइफ बैलेंस बेहतर करने के लिए वीकेंड लंबा किया गया है.

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सरकार ने कहा है कि शुक्रवार की नमाज और तकरीर दोपहर सवा बजे के बाद ही होती है इसलिए हाफ टाइम से जुमे की रोज़ छुट्टी हो जाती है. कर्मचारियों को ढाई दिन की छुट्टी के साथ ही काम के लचीले घंटे और शुक्रवार को वर्क फ्रॉम होम का ऑप्शन भी दिया गया है. नया सिस्टम पहले फेडरल सरकार के संगठनों में लागू होगा. इसके बाद यह स्कूलों , कॉलेजों और प्राइवेट संस्थानों में लागू होगा.

4. UAE जाने वाले भारतीयों का ख्वाब हुआ पूरा ! बदले Visa के नियम, अब मिलेगी बिना स्पॉन्सर के एंट्री

वीज़ा को लेकर UAE हुकूमत ने एक बहुत ही अहम् और बड़ा कदम उठाया है, जिससे भारतीयों को भी राहत मिलने वाली है क्यूंकि भारतीयों का हमेशा से ये सपना रहता है कि वे दुबई अमीरात जाकर काम करें, तो अब भराने की ज़रूरत नहीं क्यूंकि UAE ने देश में एंट्री और निवास के लिए नई योजना पेश की है जिसके तहत 10 प्रकार के UAE Entry Visa जारी किए जाएंगे जो काफी आसानी से लोगों को मुहैया कराया जाएगा।

बता दे कि नए वीजा के लिए किसी भी होस्ट या प्रायोजक की जरूरत नहीं होगी। इसके साथ ही इनके एंट्री पर कोई लिमिट नहीं होगी। विजिटर के तौर पर अब देश में 30 दिन ही नहीं बल्कि 60 दिन रुका जा सकता है. वहीँ गोल्डन वीज़ा holders अपने पति-पत्नी, बच्चों समेत परिवार के अन्य सदस्यों को स्पॉन्सर कर सकते हैं और अपने वह घरेलू कामगारों को भी ला सकते हैं.

रिपोर्ट में कहा गया है कि माता-पिता अपने पुरुष बच्चों को 25 साल की उम्र तक स्पॉन्सर कर सकते हैं, जो पहले 18 साल ही था। बयान में आगे कहा गया कि ये नए नियम दुनिया भर से बेहतरीन टैलेंट वालों को भी अवसर देगी. प्रोफेशनल कामगारों के पास वीजा के लिए एक वैध रोजगार कॉन्ट्रैक्ट होना चाहिए.

संस्कृति, कला, खेल, डिजिटल टेक्नोलॉजी, आविष्कार के क्षेत्रों वाले लोगों को भी आसानी से वीजा मिल सकेगा। रिपोर्ट के मुताबिक दो मिलियन डॉलर की संपत्ति खरीदने पर रियल एस्टेट इनवेस्टर संपत्ति खरीदने के दौरान गोल्डन वीज़ा पा सकेंगे।

uae visa

5. तीन तलाक के बाद अब तलाक-ए-हसन को खत्म करने की मांग ! भारत पर अरब मुस्लिम देशों की क्या है प्रतिक्रिया

बीते कुछ दिनों से तलाक-ए-हसन का मुद्दा चर्चा में बना हुआ है. 17 जून को जहां सुप्रीम कोर्ट को 5 जजों की बेंच ने तलाक-ए-हसन के खिलाफ दायक की गई याचिका पर सुनवाई की थी वहीं एक बार मुंबई की एक मुस्लिम महिला सुप्रीम कोर्ट पहुंची है. इस मामले को लेकर पहले भी सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की गई थी. बता दें कि दिल्ली हाईकोर्ट में भी तलाक-ए-हसन के खिलाफ एक महिला ने याचिका दायर की थी जिसपर जस्टिस दिनेश कुमार शर्मा ने दिल्ली पुलिस के साथ-साथ उस मुस्लिम व्यक्ति से जवाब मांगा जिसकी पत्नी ने तलाक-ए-हसन के नोटिस को चुनौती देते हुए कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था.

तीन तलाक की तरह ही तलाक-ए-हसन मुस्लिम समुदाय से जुड़ी तलाक की एक प्रक्रिया है, जिसमें पति अपनी पत्नी को तीन महीने में तीन बार एक-एक कर तलाक बोलता है और उसके बाद तलाक मान लिया जाता है. साल 2017 में ट्रिपल तलाक यानी तलाक-ए-बिद्दत को शायरा बानो बनाम भारत संघ के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने असंवैधानिक घोषित कर दिया था. इसमें मुस्लिम पुरुष अपनी पत्नी को एक बार में तीन तलाक बोलता था और शादी खत्म हो जाती थी. इसे असंवैधानिक घोषित किए जाने के बाद मुस्लिम महिलाओं ने राहत की सांस ली थी. मगर तीन तलाक क ही तरह तलाक-ए-हसन का मामला भी सामने आया है जिसके खिलाफ याचिकाएं दायर की जा रही हैं.

जानकारी के मुताबिक तलाक-ए-हसन तब की जानी चाहिए जब बीवी को मासिक धर्म (periods) नहीं हो रहा हो. वहीं तीनों तलाक के ऐलान में प्रत्येक के बीच एक महीने का अंतराल होना चाहिए. इस तरह से दोनों के बीच परहेज की अवधि इन तीन लगातार तलाक के बीच की समय सीमा में होनी चाहिए. संयम, या ‘इद्दत’ 90 दिनों यानी तीन मासिक चक्र या तीन चंद्र महीनों के लिए निर्धारित होता है. इस संयम की अवधि के दौरान, अगर शौहर या बीवी अंतरंग संबंधों में सहवास करना या साथ रहना शुरू कर देते हैं, तो तलाक को रद्द कर दिया जाता है.

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इस प्रकार के तलाक को स्थापित करने का उद्देश्य तात्कालिक तलाक की बुराई को रोकना था, लेकिन इसके साइड इफेक्ट सामने आ रहे हैं. कई मुस्लिम महिलाओं ने तीन तलाक प्रणाली के माध्यम से तलाक के बहाने अपने ससुराल वालों द्वारा शारीरिक शोषण और हिंसक धमकियों के मामले दर्ज किए हैं. इसलिए महिलाओं ने इसे हटाने की मांग की है.

6. दुबई में काम करने गयी भारतीय महिला हो गयी लापता, समझा मर गयी… 20 साल बाद पाक्सितान में ज़िंदा मिली

दुबई या किसी भी अरब देशों में काम करने के लिए जाने वाले लोगों को बहुत बार धोखा मिल जाता है. उन्हें एजेंट बड़ी-बड़ी बात बोलकर वहां ले जाते हैं, झूठे सैलरी का वादा करते हैं. कई बार तो देखा गया है कि वहां जाकर वे लापता भी हो जाते हैं. भारतीयों को भी ऐसी कई दिक्कतों का सामना करना पड़ा है.

भारत से करीब 20 साल पहले दुबई में काम करने गई महिला खो गई थी। उनके घर वालों ने उन्हें ढूंढने की बहुत कोशिश की लेकिन नहीं मिली। एक दिन अचानक यानी कि पूरे 20 साल बाद परिवार को एक ऐसी सुचना मिली जिसे सुनकर वे दंग रह गए और खुश भी हुए. खुश इसलिए क्यूंकि खो चुकी लापता हो चुकी महिला दुबारा लौट आयी थी. बेटी यास्मीन ने बताया कि उनकी मां दुबई में बतौर कुक काम करने के लिए निकली थीं, लेकिन फिर कभी वापस नहीं लौटीं। अब पता चला है कि उनकी मां पाकिस्तान में हैं।

यास्मीन शेख ने बताया, “मुझे पाकिस्तान के एक सोशल मीडिया अकाउंट के जरिए 20 साल बाद अपनी मां के बारे में पता चला। लापता महिला वह पाकिस्तान के हैदराबाद में रहने लगी और वहीं एक व्यक्ति से शादी भी कर ली। हालांकि, अब उनके पति नहीं हैं लेकिन उन्हें उनसे एक बच्चा है। पाकिस्तान के एक एक्टिविस्ट Waliullah Maroof ने उनकी यह कहानी सोशल मीडिया पर शेयर की और लोगों से भारत में उनके परिवार को मिलाने में मदद करने की अपील की। भारत में रहने वाला उनका परिवार अब उन्हें पाकिस्तान से भारत लाने की तैयारी में जुटा है.

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7. सऊदी अरब के लिए Immigration हुए बंद! जिनका पासपोर्ट ECR है, उनको भारत से सऊदी जाने में बड़ी रुकावट!

भारत से सऊदी अरब जाने वालों पर एक और मुसीबत टूट पड़ी है! भारत से सऊदी अरब जाने वाले लोगों के लिए इमीग्रेशन बंद हो गए हैं ! जिन लोगों का पासपोर्ट ECR हैं यानी अनपढ़ का जिन का पासपोर्ट है। उनको सऊदी अरब जाने के लिए इमीग्रेशन की जरूरत पड़ती है मगर लगभग 1 महीने से ज्यादा हो गया है सऊदी अरब जाने वाले इमीग्रेशन भारत से बंद पड़े हैं ।

जिसको लेकर काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। बहुत से ऐसे लोग हैं जिनकी वीजा स्टांपिंग हो रखी है और यह आपको पता ही होगा कि विजय स्टांप होने के बाद 3 महीने का टाइम उस वीजा स्टांप पर रहता है। कुछ लोगों को वह टाइम भी खत्म होने का डर सता रहा है!

वही भारत में पैगंबर मुहम्मद सल्लल्लाहू अलैही वसल्लम पर की गई टिप्पणी को लेकर भी भारत और अरब देशों के संबंध भी इस वक्त कुछ ठीक से नहीं लग रहे हैं। जिसको लेकर लोगों में और डर बढ़ गया है कि कहीं इमीग्रेशन लंबे टाइम के लिए बंद ना हो जाए मगर आपको बता दे इमिग्रेशन बंद होने में ये विवाद वजह नही है! बल्कि इमीगशन तो इस विवाद के पहले से ही बंद है!

उम्मीद है इंशाअल्लाह जल्दी ही भारत सरकार सऊदी अरब जाने वाले लोगों के लिए इमीग्रेशन खोलेगी! वहीं अगर आपको विजा स्टांपिंग, वकाला, इमीग्रेशन या सऊदी अरब जाने से संबंधित कोई भी काम सबसे भरोसे के साथ कराना हो तो आप मानकी ट्रेवल एजेंसी से संपर्क करके करा सकते हैं जैसा कि आपको पता ही है कि मानकी ट्रेवल एजेंसी ने इस वक्त भरोसे के मामले में सारे रिकॉर्ड तोड़ दिये है।

यह एक ऐसी एजेंसी बनकर उभरी है जिस पर आप आंख बंद करके भरोसा कर सकते हैं और इस एजेंसी ने बहुत सारे ऐसे लोगों को सऊदी अरब भेजने का काम किया है , जिनसे आज तक मुलाकात भी नहीं हुई सिर्फ फोन पर उन्होंने डील फाइनल की थी! इस वक्त मानकी ट्रैवल एजेंसी बहुत ही सस्ते दामों पर और बहुत ही बेहतरीन सर्विस के साथ विजा स्टांपिंग, वकाला और इमीग्रेशन करवा रही है!

अगर आप भी सऊदी अरब से नया वीजा निकलवाने वाले हैं तो आज ही आप मानकी ट्रेवल एजेंसी से संपर्क कर ले और मानकी ट्रैवल एजेंसी का वकाला बनवाकर मानकी ट्रेवल से ही अपना सारा काम कराए ताकि आपको किसी तरह एजेंटों की धोखाधड़ी से निजात मिल सके.

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8. UAE से केरल लौटे 22 साल के युवक ने तोड़ा दम, भारत में Monkey Pox से पहली मौत !

दुनिया भर में तेजी से फैल रहा मंकीपॉक्स चिंता का विषय बनता जा रहा है. मंकीपॉक्स के केस अब भारत में भी सामने आने लगे हैं. वहीँ केरल सरकार ने देश में मंकीपॉक्स से पहली मौत की पुष्टि की। सरकार की ओर से कहा गया कि 30 जुलाई को 22 साल के जिस व्यक्ति की मौत हुई थी, वह मंकीपॉक्स से संक्रमित था।

राज्य के सीएम पिनराई विजयन ने कहा कि NIV पुणे को भेजे गए सैंपल में संक्रमण मिला और यह पश्चिम अफ्रीकी वेरिएंट था। UAE से निकलने के एक दिन पहले ही उसकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी।

9. अबुधाबी रोड पर एक वाहन चालाक धक्का मारकर हुआ फरार ! कोर्ट ने लाखों का मुआवज़ा देने का किया ऐलान

अबू धाबी रोड पर पैदल चलते एक व्यक्ति को धक्का मार कर भागने वाले को पकड़कर उसके खिलाफ सजा सुनाई गई है। दरअसल आरोपी रात में बिना हैडलाइट के वाहन चला रहा था और पीड़ित को धक्का मारकर भाग गया। पीड़ित ने आरोपी के खिलाफ शिकायत दर्ज करा दी जिसके बाद उसपर कार्रवाई हुई.

पीड़ित ने शिकायत दर्ज कराते हुए Dh100,000 का मुआवजा मांगा था। उसमे बताया कि घायल होने के कारण उसे जॉब छोड़नी पड़ी और काफी नुकसान का सामना करना पड़ा। जांच के बाद कोर्ट ने आरोपी और कंपनी को Dh60,000 मुआवजा देने का आदेश दे दिया है.

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10.कुवैत में बड़ा बदलाव, प्रवासियों के स्थान पर अब नागरिकों को नौकरी देने की तैयारी शुरू !

खाड़ी अरब देश कुवैत में भी अब प्रवासियों पलरा हल्का और नागरिकों का पलरा अधिक भारी होते दिख रहा है. दरअसल कुवैत “Kuwaitisation” की प्रक्रिया शुरू होने वाली है. जिसके तहत कुवैत में प्रवासी कामगारों के स्थान पर ज्यादा से ज्यादा कुवैती नागरिकों को नौकरी देने की कोशिश की जा रही है और इस प्रक्रिया में तेजी लाने के लिए एक और नया कदम उठाया जाएगा. कुवैत में नागरिकों के लिए अधिक संख्या में जॉब देने की कोशिश की जा रही है.

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